ग्वालियर गोलीकांड: 15 मिनट में चली 40 राउंड फायरिंग, जमीन विवाद ने बनायीं गैंगवार की जमीन | Gwalior Firing News
मध्य प्रदेश के ग्वालियर के घासमंडी इलाके में रविवार रात जमीन विवाद को लेकर रिंकू कमरिया गैंग ने 15 मिनट तक ताबड़तोड़ फायरिंग की। करीब 40 राउंड गोलियों की आवाज़ से क्षेत्र दहल उठा। दो युवक गंभीर रूप से घायल हो गए जिन्हें अस्पताल में भर्ती किया गया है। घटना ने ग्वालियर की क़ानून व्यवस्था पर सवाल खड़े कर दिए हैं।
आखिर हुआ क्या –
ग्वालियर। मध्य प्रदेश के ग्वालियर शहर में रविवार रात एक ऐसा गोलीकांड हुआ जिसने पूरे शहर को हिला दिया। घासमंडी क्षेत्र में जमीन को लेकर हुए पुराने विवाद ने अचानक गैंगवार का रूप ले लिया। शहर के कुख्यात अपराधी रिंकू कमरिया गैंग ने सरेआम 15 मिनट तक लगातार फायरिंग की, जिसमें लगभग 40 राउंड गोलियां चलीं। इस अंधाधुंध गोलीबारी में हाकिम सिंह गौड़ और विजय प्रताप बघेल नामक दो युवक गंभीर रूप से घायल हो गए। दोनों को तत्काल जिला अस्पताल में भर्ती कराया गया, जहां उनकी स्थिति नाजुक बताई जा रही है।
क्या है पूरा मामला? | Gwalior Firing Incident Details
पुलिस के अनुसार, यह पूरा विवाद जमीन के कब्जे और मालिकाना हक को लेकर था। लंबे समय से यह जमीन दो पक्षों के बीच तनाव का कारण बनी हुई थी। रविवार रात विवाद एक बार फिर बढ़ गया और इसी दौरान रिंकू कमरिया, अन्नी कमरिया, छोटू कमरिया और चेतन पंडित अपने साथियों के साथ वहां पहुंचे।
गिरोह के सदस्यों ने आते ही खुलेआम गोलियां चलानी शुरू कर दीं। कहा जा रहा है कि उन्होंने पहले हाकिम सिंह को निशाना बनाया और फिर उसके साथी को।
स्थानीय लोगों के अनुसार, हमलावरों के पास:
- पिस्टल
- देशी कट्टे
- रायफल जैसे हथियार मौजूद थे
घटना के समय बाजार क्षेत्र में भीड़ कम थी, नहीं तो यह गोलीबारी एक बड़े नरसंहार में बदल सकती थी।
गोलीबारी की तेज आवाज़ से आसपास के लोग घरों से बाहर निकल आए। दुकानदारों ने अपनी दुकानें बंद कर दीं। कई लोग अपनी सुरक्षा के लिए घरों में ही छिपे रहे। इलाके में एक डर और भय का माहौल फैल गया है।

कानून-व्यवस्था पर उठे गंभीर सवाल |
ग्वालियर शहर में यह पहली बार नहीं है जब गिरोह के बीच भिड़ंत हुई है। लेकिन इस घटना ने पुलिस की सुरक्षा व्यवस्था पर कई सवाल खड़े कर दिए हैं।
- जब रिंकू कमरिया पहले से वांछित अपराधी है, तो वह खुलेआम इतनी बड़ी कार्रवाई कैसे कर गया?
- क्या पुलिस इंटेलिजेंस फेल हो चुका है?
- शहर में हथियारों की सप्लाई चेन कौन चला रहा है?
लोग सोशल मीडिया पर सवाल उठा रहे हैं कि अगर शहर की गली में 15 मिनट तक गोलियां चल सकती हैं और पुलिस 15 मिनट में नहीं पहुँचती, तो आम आदमी सुरक्षित कैसे रहेगा?
पुलिस की कार्रवाई | Police Investigation Update
घटना के तुरंत बाद ग्वालियर पुलिस एक्टिव हुई और रिंकू कमरिया गैंग के 8 सदस्यों पर FIR दर्ज कर ली गई है।
पुलिस ने कई जगह छापेमारी भी की है, लेकिन अब तक कोई गिरफ्तारी नहीं हो सकी है।
थाना प्रभारी का कहना है कि:
“गिरोह के सभी सदस्य पहचान में आ चुके हैं। जल्द ही उन्हें गिरफ्तार किया जाएगा।”
हालांकि स्थानीय लोगों का कहना है कि यह सिर्फ औपचारिक बयानबाजी है। क्योंकि यह गिरोह पिछले कई बार पुलिस को चकमा देकर बच निकल चुका है।
घायलों की हालत | Injured Persons Condition
घायल हुए दोनों युवक अभी हाई केयर यूनिट में इलाजरत हैं:
| नाम | उम्र | स्थिति | गोली लगी कहाँ |
|---|---|---|---|
| हाकिम सिंह गौड़ | 27 | गंभीर | पैर |
| विजय प्रताप बघेल | 31 | स्थिर | जांघ |
डॉक्टर्स के अनुसार, यदि कुछ सेंटीमीटर भी गोली ऊपर लगती तो दोनों की जान जा सकती थी।
स्थानीय नेताओं का बयान | Political Reaction
कुछ स्थानीय नेताओं ने इस घटना पर कहा:
- “ग्वालियर में गुंडाराज बढ़ रहा है। पुलिस प्रशासन सो रहा है।”
- “अवैध हथियारों का कारोबार खत्म किए बिना ऐसी घटनाएं रुकने वाली नहीं हैं।”